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भारत देश के (फॉरेक्स रिजर्व) विदेशी मुद्रा भंडार को कैसे लगा झटका? Forex Reserves

भारत देश के (फॉरेक्स रिजर्व) विदेशी मुद्रा भंडार को कैसे लगा झटका?

आखिर क्यों अचानक मोदी जी ने देश को कहा कि विदेशी सामान जैसे सोना, यात्रा, रिफाइंड, पेट्रोल, डीज़ल इत्यादि, न खरीदें, क्योंकि इन सब चीजों का भारत सबसे बड़े लेबल पर आयात करता है, ये सब चीजें भारत में विदेशों से आती हैं, जैसा कि आपको पता होगा कि भारत में सबसे ज्यादा लोग अब स्वदेशी वस्तुओं को छोड़कर विदेशी वस्तुओं को खरीदने में अपने आप को स्टेटस सिम्बल मानते हैं भारत पर आज पूरी तरह से विदेशी कंपनियों का कब्जा हो चुका है! आगे आने वाले समय में ये और भी बढ़ेगा, इसमें सरकार पूरी तरह विदेशी कंपनियों के साथ मिली हुई है, क्योंकि जब कोई भी विदेशी कंपनी भारत में प्रवेश करती है, उसे सबसे पहले भारत सरकार से व्यापार करने की परमीशन लेनी होती है, तो भारत सरकार के जो मंत्री होते हैं वो उस कंपनी को बोलते हैं, हमारा कमीशन दो और व्यापार करो तो कम्पनियां 500-1000 करोड़ रुपये लेकर हमारे देश के मंत्री उन विदेशी कंपनियों को लाइसेंस देते हैं! और तो और उन कंपनियों को फ्री में जमीन भी देते है जिसमें लाखों पेड़ काटे जाते हैं, आदमी, पशु ,पक्षी, जीव ,जंतु, आदि मरे जाते हैं और बचे हुए बेघर हो जाते है, आजादी से पहले इस देश को गोरे अंग्रेज लूटते थे अब काले अंग्रेज लूट रहे है!

भारतीय रुपया कमजोर और डॉलर क्यों मजबूत हो रहा है?

भारतीय रुपया के कमजोर होने के कई कारण हैं? जो बहुत कम लोगों को पता हैं, जिनको पता हैं वो कभी बताते नहीं, कुछ इकोनोमिस्ट विद्वान लोग हैं जो बताना चाहते हैं, लेकिन उनपर सरकार का दबाव रहता है, और वो भी ये बात समझते हैं कि बता भी दिया तो लोग विद्रोह करेंगे सरकार उनपर लाठियां बरसाएगी तो कुल मिलाकर जनता का ही नुकसान होगा, अब में आपको कारण बताता हूं!

हम जब विदेशों के साथ व्यापार करते है तो हमें हमेशा घाटा होता है? और वो व्यापारिक घाटा होते होते इतना हो गया है, कि उसको चुकाने के लिए हमें हर साल विदेशों से लगभग 100 लाख करोड़ रुपए का कर्ज लेना पड़ता है!

अब आप सोच रहे होंगे कि ये घाटा कैसे हो जाता है?

 

जब हम सामान बेचते है तो हमारा सामान बहुत ही सस्ता बिकता है उदाहरण जैसे 1डॉलर में 5kg आटा यहीं आटा अभी अपने देश में खरीदो तो 170 रुपए के आसपास आयेगा! ठीक वैसे ही हम लोहा बेचते हैं भारत में लोहा 100 रुपए किलो विदेश में हम अपना लोहा बेचते 1रुपए किलो ऐसे ही बहुत सारा सामान तो हमें फ्री में छोड़कर आना पड़ता है! भाड़ा भी नहीं निकलता चीन हमसे और सस्ता बेचता है वो डम्प लगाकर सामान छोड़ देता है! ताकि हमारा सामान न बिके उसी का बिके, ऐसी बहुत सारी बात हैं जो मैं यहां नहीं लिख सकता डिटेल में सुनने के लिए हमारा यूट्यूब चैनल से जुड़े?

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